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गेंगरेप आरोपियों को बचाने का आरोप

By on June 27, 2018 0 59 Views
सामुहिक दुष्कर्म की षिकार युवति को न्याय मांगने के लिए अगर पुलिस कप्तान के पास जाना पडे ओर फिर भी थाना अधिकारी आरोपियों को बचाते नजर आए तो मामला गंभीर हो जाता है आज टोंक कोर्ट में अपने बयान दर्ज कराते समय ऐसे ही गंभीर आरोप लगाते हुए पीड़िता ने न्याय मांगा ओर कहा कि पुलिस आरोपियों को बचा रही है।
 
दतवास थाना क्षेत्र में हुए सामूहिक दुष्कर्म कि पीडि़ता अपने साथ हुए अत्याचार को लेकर पुलिस की कार्यप्रणाली से खफा है वह ताज टोंक में अपने 164 के बयानों को कलमबंद करवाने के बाद भी बोली कि थाना पुलिस आरोपियों को बचा रही है, पीड़िता ने कहा कि प्रभावशाली लोगों को पुलिस अब तक गिरिफ्तार नही कर पाई है इससे पहले भी पीड़िता कुछ दिनों पूर्व पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची थी और पुलिस पर सामुहिक दुष्कर्म जैसी संगीन धाराओं की जगह गुमषुदगी का मामला बताकर आरोपियों को बचाने का आरोप लगाया था। टोंक जिले के दत्तवास थाना क्षेत्र में ललवाडी के घांसी गांव की रहने वाली एक युवति ने  आज फिर से दोहराया कि दत्तवास थाना पुलिस उसके साथ हुए सामुहिक दुष्कर्म के आरोपियों को गिरिफ्तार नही कर रही है पीड़िता के अनुसार 9 जून की रात 8 बजे वह शौच के निकली थी, जहां से वही के रहने वाले मुजाहिद, मजीद, जगमाल, मुंषी, चांद आदि ने अगवा कर लिया और उसे जबरदस्ती मिठाई खिला दी, जिसके बाद उसे हौंष नही रहा, वही जब उसे हौष आया तो वह बिना कपडों के थी। हौंष आने के बाद जैसी ही बचाने के लिए वह चिल्लाई का आरोपियो ने दोबारा उसके साथ दुष्कर्म किया। वही दूसरी ओर घर की बेटी नही मिलने पर परिजनों ने 12 जून का थाने में षिकायत की उनकी बेटी 9 जून से गायब हैं, जिसपर थानाधिकारी ने उन्हे जल्द ही मिलने आष्वासन देकर भेज दिया। जिसपर 14 जून को पुलिस ने युवति का आसानी से बरामद करते हुए पीडिता के बयान पर गुमषदगी का मामला बताकर उसे परिजनों को सुपुर्द कर दिया। वही घर पर पहुंचकर पीडि़ता ने परिजनों को आपबीती सुनाई जिसके बाद उनके पैरों जमीन खिसक गई, इसके बाद पुलिस अधीक्षक से गुहार पर पीड़िता का मामला तो दर्ज हो गया था लेकिन अब तक आरोपियों की गिरफ़तारी नही होना दतवास थाना पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है।
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