November 13, 2018
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Shahid Misrilal failed to attack Amarnath pilgrims …#शहीद मिश्रीलाल ने नाकाम किया अमरनाथ यात्रियों पर हमला…

by on August 3, 2018 0

शहीद मिश्री लाल का हुआ अंतिम संस्कार आतंकवादी हमले में शहीद हुए मिश्रीलाल मीणा। कश्मीर में आतंकवादी हमले में शहीद हुए टोंक के राजमहल के मिश्रीलाल मीना का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव रावता माता जी मे किया गया,इससे पहले उनकी पार्थिव देह को हेलीकॉप्टर से देवली लाया गया जंहा से सड़क मार्ग से शव उनके घर पहुचा,ओर जब तक सूरज चांद रहेगा मिश्री लाल तेरा नाम रहेगा के नारों से वातावरण गूंज उठा,सीआरपीएफ के अजमेर डीआईजी के अनुसार आतंकवादी अमरनाथ यात्रा पर हमले की फिराक में थे और इस शहादत से आतंकवादियों के मंसूबे पूरे नही हो सके।

कश्मीर के अनन्तनाग में आतंकवादी हमले में शहीद हुए सीआरपीएफ के सेक्शन कमांडर मिश्री लाल का अंतिम संस्कार उनके गांव में राजकीय सम्मान के साथ किया गया,इससे पहले उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया, राजस्थान सरकार के कृषि मंत्री प्रभुलाल सैनी,सांसद सुखबीर जौनापुरिया,विधायक राजेन्द्र गुर्जर,विधायक अजित मेहता,जिला कलेक्टर रामचन्द्र सहित कई राजनेता,अधिकारी और हजारो ग्रामीण मौजूद रहे ,शुक्रवार की सुबह 10 बजे के करीब  अनन्तनाग में पहलागाम रोड पर हुए आतंकी हमले में ड्यटी में गश्त के दौरान टोंक जिले के देवली उपखंड के ग्राम राजमहल निवासी सीआरपीएफ के सेक्शन कमांडर के पद पर कार्यरत मिश्री लाल मीणा पुत्र कालू राम मीणा शहीद हो गए। जिनका अन्तिम संस्कार आज किया गया, मिश्री लाल मीणा के शहीद होने की खबर पहुंचते ही ग्राम के साथ आस पास के क्षैत्र में शोक की लहर दोड गई।

सीआपीएफ में एएसआई के पद पर कार्यरत सेंक्शन कमाण्डर अपने दल में 8-10 जवानों को साथ लेकर अनन्तनाग में पहलगाम रोड पर गश्त कर रहे थे इस दौरान इनके दल पर आतंकी हमला हो गया। हमले में गोली बारी के दौरान मिश्री लाल मीणा के दो गोलीया लगी जिनमें से एक गर्दन पर व एक सीने पर गोली लगने से मीणा व उनके साथ एक ओर जवान शहीद हो गया। जिनका अन्तिम संस्कार उनका शव पहुंचने पर सैनिक सम्मान के साथ पेतृक गांव में किया गया ,वह एक पुत्र व दो पुत्रीयां है पीछे छोड़ गए है।सेना में कार्यरत मिश्री लाल मीणा पुत्र कालू राम मीणा अपने पीछे अपनी पत्नि के साथ एक पुत्र जो बैंक में कार्यरत है तथा दो पुत्रियां छोड गए है। शहीद अपनी दोनेां पुत्रियों का विवाह 8 फरवरी 2018 को कर अपनी छुट्टी पूरी कर वापस ड्यूटी पर गए थे। मीणा चार भाईयों में तीसरे थे तथा परिवार में होनहार थे। मीणा बचपन से ही देश की सेवा में जाने की बाते करते रहते थे तथा उन्होने देश सेवा को ही अपना मार्ग बनाया तथा सेना में चले गए।

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